Common Specialities
{{speciality.keyWord}}
Common Issues
{{issue.keyWord}}
Common Treatments
{{treatment.keyWord}}
Book
Call

Dr. Sasikala Rajendiran

Gynaecologist, New Delhi

Book Appointment
Call Doctor
Dr. Sasikala Rajendiran Gynaecologist, New Delhi
Book Appointment
Call Doctor
Submit Feedback
Report Issue
Get Help
Feed
Services

Personal Statement

I pride myself in attending local and statewide seminars to stay current with the latest techniques, and treatment planning....more
I pride myself in attending local and statewide seminars to stay current with the latest techniques, and treatment planning.
More about Dr. Sasikala Rajendiran
Dr. Sasikala Rajendiran is a popular Gynaecologist in Dilshad Garden, Delhi. She is currently practising at Dr Sasikala Rajendiran's Clinic in Dilshad Garden, Delhi. Don’t wait in a queue, book an instant appointment online with Dr. Sasikala Rajendiran on Lybrate.com.

Lybrate.com has a number of highly qualified Gynaecologists in India. You will find Gynaecologists with more than 29 years of experience on Lybrate.com. Find the best Gynaecologists online in Delhi. View the profile of medical specialists and their reviews from other patients to make an informed decision.

Info

Languages spoken
English
Hindi

Location

Book Clinic Appointment

View All

Services

View All Services

Submit Feedback

Submit a review for Dr. Sasikala Rajendiran

Your feedback matters!
Write a Review

Feed

Nothing posted by this doctor yet. Here are some posts by similar doctors.

I am one week late. My LMP 30.3.17 .I have no baby last pregnancy is ectopic Dec-15 Cramping in my lower abdomen and backache also. I am a banker. 8 to 9 hours my sitting. Pls help me.

BPTh/BPT
Physiotherapist, Delhi
I am one week late. My LMP 30.3.17 .I have no baby last pregnancy is ectopic Dec-15 Cramping in my lower abdomen and ...
1. Improve your posture 2. Start with Physiotherapy treatment 3. Learn spinal exercises 4. Don't lift heavy things 5. Don't sit on floor 6. Wear sports shoes 7. Don't wear pencil heals 8. Take calcium vitamin D 3 and Methylcobalmine supplement for one month minimum 9. Do hot fermentation twice a day 10. Apply volini cream before sleeping.
Submit FeedbackFeedback

I am suffering from Hypothyroid. Recently I diagnosed pcod problem. I wanted to know that pcod treatment is possible in ayurved.

MS - Obstetrics and Gynaecology, MBBS, Post Doctoral Fellowship in Reproductive Medicine, Fellowship in Minimal Access Surgery
Gynaecologist, Pune
I am suffering from Hypothyroid. Recently I diagnosed pcod problem. I wanted to know that pcod treatment is possible ...
pcod is not a disease but a change happened because of deranged lifestyle and stress. when its not a disease then how can something cure it. the final treatment is to have a baby. you have to keep a track on your weight as there is a tendency to gain weight
1 person found this helpful
Submit FeedbackFeedback

Hello Doctor I'm 20 weeks pregnant and my skin's some part like nose forehead chin and neck are becoming dark during pregnancy. Please suggest how to get rid of it?

MD - Obstetrtics & Gynaecology, DGO
Obstetrician, Vadodara
Hello Doctor I'm 20 weeks pregnant and my skin's some part like nose forehead chin and neck are becoming dark during ...
Hello NB It's normal in Pregnancy.There is no specific treatment But it disappears after Delivery once your body had no pregnancy hormone.Any cream medicine will not be effective and waste of your money. Thanks
1 person found this helpful
Submit FeedbackFeedback

Hi, I am 14 weeks 2 days pregnant but not showing. I felt slight butterflies in my abdomen 1 week back but now i dont feel anything. I feel slight cramps while walking and sleeping and some incerase in white/creamy color discharge also. USG done on 13th and all was fine. Cramps are like some pressure is there , and sometimes on only left or right side. Can i get my USG done again.Is it harmful ? i have already 4 USG's done. Please help

DNB (Obstetrics and Gynecology)
Gynaecologist, Bangalore
Belly will start showing only after 16 weeks, generally it is more prominent only after 20 weeks. If you are having white curdy discharge, it may be due to a fungal infection. See your Gynaecologist for the same. She may recommend USG if required. USG is not harmful to the baby.
2 people found this helpful

Is cum eating safe? Can a unmarried women eat cum often? How much gape of days should be given between 2 eating?

BHMS
Homeopath, Raebareli
Is cum eating safe? Can a unmarried women eat cum often? How much gape of days should be given between 2 eating?
Yes, but before you do, or before you engage in fellatio, we recommend that you and your partner both get tested for sexually transmitted infections (stis). If you or your partner have not been tested, we also recommend using barriers for oral sex and abstaining from making contact with ejaculate.
1 person found this helpful
Submit FeedbackFeedback

Properties Of Flax Seed

BAMS
Ayurveda, Sonipat
Properties Of Flax Seed

अचूक औषधि अलसी

अलसी असरकारी ऊर्जा, स्फूर्ति व जीवटता प्रदान करता है। अलसी, तीसी, अतसी, कॉमन फ्लेक्स और वानस्पतिक लिनभयूसिटेटिसिमनम नाम से विख्यात तिलहन अलसी के पौधे बागों और खेतों में खरपतवार के रूप में तो उगते ही हैं, इसकी खेती भी की जाती है। इसका पौधा दो से चार फुट तक ऊंचा, जड़ चार से आठ इंच तक लंबी, पत्ते एक से तीन इंच लंबे, फूल नीले रंग के गोल, आधा से एक इंच व्यास के होते हैं।

 इसके बीज और बीजों का तेल औषधि के रूप में उपयोगी है। अलसी रस में मधुर, पाक में कटु (चरपरी), पित्तनाशक, वीर्यनाशक, वात एवं कफ वर्घक व खांसी मिटाने वाली है। इसके बीज चिकनाई व मृदुता उत्पादक, बलवर्घक, शूल शामक और मूत्रल हैं। इसका तेल विरेचक (दस्तावर) और व्रण पूरक होता है।

अलसी की पुल्टिस का प्रयोग गले एवं छाती के दर्द, सूजन तथा निमोनिया और पसलियों के दर्द में लगाकर किया जाता है। इसके साथ यह चोट, मोच, जोड़ों की सूजन, शरीर में कहीं गांठ या फोड़ा उठने पर लगाने से शीघ्र लाभ पहुंचाती है। एंटी फ्लोजेस्टिन नामक इसका प्लास्टर डॉक्टर भी उपयोग में लेते हैं। चरक संहिता में इसे जीवाणु नाशक माना गया है। यह श्वास नलियों और फेफड़ों में जमे कफ को निकाल कर दमा और खांसी में राहत देती है।

इसकी बड़ी मात्रा विरेचक तथा छोटी मात्रा गुर्दो को उत्तेजना प्रदान कर मूत्र निष्कासक है। यह पथरी, मूत्र शर्करा और कष्ट से मूत्र आने पर गुणकारी है। अलसी के तेल का धुआं सूंघने से नाक में जमा कफ निकल आता है और पुराने जुकाम में लाभ होता है। यह धुआं हिस्टीरिया रोग में भी गुण दर्शाता है। 

अलसी के काढ़े से एनिमा देकर मलाशय की शुद्धि की जाती है। उदर रोगों में इसका तेल पिलाया जाता हैं।
तनाव के क्षणों में शांत व स्थिर बनाए रखने में सहायक है। कैंसर रोधी हार्मोन्स की सक्रियता बढ़ाता है। अलसी इस धरती का सबसे शक्तिशाली पौधा है। कुछ शोध से ये बात सामने आई कि इससे दिल की बीमारी, कैंसर, स्ट्रोक और मधुमेह का खतरा कम हो जाता है। 

इस छोटे से बीच से होने वाले फायदों की फेहरिस्त काफी लंबी है,​​ जिसका इस्तेमाल सदियों से लोग करते आए हैं। इसके रेशे पाचन को सुगम बनाते हैं, इस कारण वजन नियंत्रण करने में अलसी सहायक है। रक्त में शर्करा तथा कोलेस्ट्रॉल की मात्रा को कम करता है। जोड़ों का कड़ापन कम करता है।

 प्राकृतिक रेचक गुण होने से पेट साफ रखता है। हृदय संबंधी रोगों के खतरे को कम करता है। उच्च रक्तचाप को नियंत्रित करता है। त्वचा को स्वस्थ रखता है एवं सूखापन दूर कर एग्जिमा आदि से बचाता है। बालों व नाखून की वृद्धि कर उन्हें स्वस्थ व चमकदार बनाता है। इसका नियमित सेवन रजोनिवृत्ति संबंधी परेशानियों से राहत प्रदान करता है।

 मासिक धर्म के दौरान ऐंठन को कम कर गर्भाशय को स्वस्थ रखता है। अलसी का सेवन त्वचा पर बढ़ती उम्र के असर को कम करता है। अलसी का सेवन भोजन के पहले या भोजन के साथ करने से पेट भरने का एहसास होकर भूख कम लगती है। प्राकृतिक रेचक गुण होने से पेट साफ रख कब्ज से मुक्ति दिलाता है।
अलसी कैसे काम करती है

अलसी आधुनिक युग में स्त्रियों की यौन-इच्छा, कामोत्तेजना, चरम-आनंद विकार, बांझपन, गर्भपात, दुग्धअल्पता की महान औषधि है। स्त्रियों की सभी लैंगिक समस्याओं के सारे उपचारों से सर्वश्रेष्ठ और सुरक्षित है अलसी। (व्हाई वी लव और ऐनाटॉमी ऑफ लव) की महान लेखिका, शोधकर्ता और चिंतक हेलन फिशर भी अलसी को प्रेम, काम-पिपासा और लैंगिक संसर्ग के लिए आवश्यक सभी रसायनों जैसे डोपामीन, नाइट्रिक ऑक्साइड, नोरइपिनेफ्रीन, ऑक्सिटोसिन, सीरोटोनिन, टेस्टोस्टिरोन और फेरोमोन्स का प्रमुख घटक मानती है।

सबसे पहले तो अलसी आप और आपके जीवनसाथी की त्वचा को आकर्षक, कोमल, नम, बेदाग व गोरा बनायेगी। आपके केश काले, घने, मजबूत, चमकदार और रेशमी हो जायेंगे। अलसी आपकी देह को ऊर्जावान और मांसल बना देगी। शरीर में चुस्ती-फुर्ती बनी गहेगी, न क्रोध आयेगा और न कभी थकावट होगी। मन शांत, सकारात्मक और दिव्य हो जायेगा।

 अलसी में ओमेगा-3 फैट, आर्जिनीन, लिगनेन, सेलेनियम, जिंक और मेगनीशियम होते हैं जो स्त्री हार्मोन्स, टेस्टोस्टिरोन और फेरोमोन्स (आकर्षण के हार्मोन) के निर्माण के मूलभूत घटक हैं। टेस्टोस्टिरोन आपकी कामेच्छा को चरम स्तर पर रखता है।

अलसी में विद्यमान ओमेगा-3 फैट और लिगनेन जननेन्द्रियों में रक्त के प्रवाह को बढ़ाती हैं, जिससे कामोत्तेजना बढ़ती है। इसके अलावा ये शिथिल पड़ी क्षतिग्रस्त नाड़ियों का कायाकल्प करती हैं जिससे मस्तिष्क और जननेन्द्रियों के बीच सूचनाओं एवं संवेदनाओं का प्रवाह दुरुस्त हो जाता है। नाड़ियों को स्वस्थ रखने में अलसी में विद्यमान लेसीथिन, विटामिन बी ग्रुप, बीटा केरोटीन, फोलेट, कॉपर आदि की महत्वपूर्ण भूमिका होती है।

 इस तरह आपने देखा कि अलसी के सेवन से कैसे प्रेम और यौवन की रासलीला सजती है, दिव्य सम्भोग का दौर चलता है, देह के सारे चक्र खुल जाते हैं, पूरे शरीर में दैविक ऊर्जा का प्रवाह होता है और सम्भोग एक यांत्रिक क्रीड़ा न रह कर शिव और उमा की रति-क्रीड़ा का उत्सव बन जाता है, समाधि का रूप बन जाता है।

रिसर्च और वैज्ञानिक आयुर्वेद और घरेलू नुस्खों के रहस्य को जानने और मानने लगे हैं। अलसी के बीज के चमत्कारों का हाल ही में खुलासा हुआ है कि इनमें 27 प्रकार के कैंसररोधी तत्व खोजे जा चुके हैं। अलसी में पाए जाने वाले ये तत्व कैंसररोधी हार्मोन्स को प्रभावी बनाते हैं, विशेषकर पुरुषों में प्रोस्टेट कैंसर व महिलाओं में स्तन कैंसर की रोकथाम में अलसी का सेवन कारगर है। 

दूसरा महत्वपूर्ण खुलासा यह है कि अलसी के बीज सेवन से महिलाओं में सेक्स करने की इच्छा तीव्रतर होती है। यह गनोरिया, नेफ्राइटिस, अस्थमा, सिस्टाइटिस, कैंसर, हृदय रोग, मधुमेह, कब्ज, बवासीर, एक्जिमा के उपचार में उपयोगी है।

सेवन का तरीका
अलसी को धीमी आँच पर हल्का भून लें। फिर मिक्सर में पीस कर किसी एयर टाइट डिब्बे में भरकर रख लें। रोज सुबह-शाम एक-एक चम्मच पावडर पानी के साथ लें। इसे अधिक मात्रा में पीस कर नहीं रखना चाहिए, क्योंकि यह खराब होने लगती है। इसलिए थोड़ा-थोड़ा ही पीस कर रखें। अलसी सेवन के दौरान पानी खूब पीना चाहिए। इसमें फायबर अधिक होता है, जो पानी ज्यादा माँगता है।

हमें प्रतिदिन 30 – 60 ग्राम अलसी का सेवन करना चाहिये, 30 ग्राम आदर्श मात्रा है। अलसी को रोज मिक्सी के ड्राई ग्राइंडर में पीसकर आटे में मिलाकर रोटी, पराँठा आदि बनाकर खाना चाहिये. डायबिटीज के रोगी सुबह शाम अलसी की रोटी खायें।

कैंसर में बुडविग आहार-विहार की पालना पूरी श्रद्धा और पूर्णता से करना चाहिये। इससे ब्रेड, केक, कुकीज, आइसक्रीम, चटनियाँ, लड्डू आदि स्वादिष्ट व्यंजन भी बनाये जाते हैं।
अलसी के तेल और चूने के पानी का इमल्सन आग से जलने के घाव पर लगाने से घाव बिगड़ता नहीं और जल्दी भरता है।

पथरी, सुजाक एवं पेशाब की जलन में अलसी का फांट पीने से रोग में लाभ मिलता है। अलसी के कोल्हू से दबाकर निकाले गए (कोल्ड प्रोसेस्ड) तेल को फ्रिज में एयर टाइट बोतल में रखें। स्नायु रोगों, कमर एवं घुटनों के दर्द में यह तेल पंद्रह मि.ली. मात्रा में सुबह-शाम पीने से काफी लाभ मिलेगा।

अलसी के लाभ
आपका हर्बल चिकित्सक आपकी सारी सेक्स सम्बंधी समस्याएं अलसी खिला कर ही दुरुस्त कर देगा क्योंकि अलसी आधुनिक युग में स्तंभनदोष के साथ साथ शीघ्रस्खलन, दुर्बल कामेच्छा, बांझपन, गर्भपात, दुग्धअल्पता की भी महान औषधि है। सेक्स संबन्धी समस्याओं के अन्य सभी उपचारों से सर्वश्रेष्ठ और सुरक्षित है अलसी। बस 30 ग्राम रोज लेनी है।

सबसे पहले तो अलसी आप और आपके जीवनसाथी की त्वचा को आकर्षक, कोमल, नम, बेदाग व गोरा बनायेगी। आपके केश काले, घने, मजबूत, चमकदार और रेशमी हो जायेंगे।
अलसी में ब्रेस्ट कैंसर, प्रोस्टेट कैंसर और कोलोन कैंसर से बचाने का गुण पाया जाता है। इसमें पाया जाने वाला लिगनन कैंसर से बचाता है। यह हार्मोन के प्रति संवेदनशील होता है और ब्रेस्ट कैंसर के ड्रग टामॉक्सीफेन पर असर नहीं डालता है।

अलसी आपकी देह को ऊर्जावान, बलवान और मांसल बना देगी। शरीर में चुस्ती-फुर्ती बनी गहेगी, न क्रोध आयेगा और न कभी थकावट होगी। मन शांत, सकारात्मक और दिव्य हो जायेगा।

अलसी में विद्यमान ओमेगा-3 फैट, जिंक और मेगनीशियम आपके शरीर में पर्याप्त टेस्टोस्टिरोन हार्मोन और उत्कृष्ट श्रेणी के फेरोमोन (आकर्षण के हार्मोन) स्रावित होंगे। टेस्टोस्टिरोन से आपकी कामेच्छा चरम स्तर पर होगी। आपके साथी से आपका प्रेम, अनुराग और परस्पर आकर्षण बढ़ेगा। आपका मनभावन व्यक्तित्व, मादक मुस्कान और शटबंध उदर देख कर आपके साथी की कामाग्नि भी भड़क उठेगी।

अलसी में विद्यमान ओमेगा-3 फैट, आर्जिनीन एवं लिगनेन जननेन्द्रियों में रक्त के प्रवाह को बढ़ाती हैं, जिससे शक्तिशाली स्तंभन तो होता ही है साथ ही उत्कृष्ट और गतिशील शुक्राणुओं का निर्माण होता है। इसके अलावा ये शिथिल पड़ी क्षतिग्रस्त नाड़ियों का कायाकल्प करते हैं जिससे सूचनाओं एवं संवेदनाओं का प्रवाह दुरुस्त हो जाता है।

 नाड़ियों को स्वस्थ रखने में अलसी में विद्यमान लेसीथिन, विटामिन बी ग्रुप, बीटा केरोटीन, फोलेट, कॉपर आदि की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। ओमेगा-3 फैट के अलावा सेलेनियम और जिंक प्रोस्टेट के रखरखाव, स्खलन पर नियंत्रण, टेस्टोस्टिरोन और शुक्राणुओं के निर्माण के लिए बहुत आवश्यक हैं। कुछ वैज्ञानिकों के मतानुसार अलसी लिंग की लंबाई और मोटाई भी बढ़ाती है।

अलसी बांझपन, पुरूषहीनता, शीघ्रस्खलन व स्थम्भन दोष में बहुत लाभदायक है।
पुरूष को कामदेव तो स्त्रियों को रति बनाती है अलसी। अलसी बांझपन, पुरूषहीनता, शीघ्रस्खलन व स्थम्भन दोष में बहुत लाभदायक है। 

अर्थात स्त्री-पुरुष की समस्त लैंगिक समस्याओं का एक-सूत्रीय समाधान है।इस तरह आपने देखा कि अलसी के सेवन से कैसे प्रेम और यौवन की रासलीला सजती है, जबर्दस्त अश्वतुल्य स्तंभन होता है, जब तक मन न भरे सम्भोग का दौर चलता है, देह के सारे चक्र खुल जाते हैं, पूरे शरीर में दैविक ऊर्जा का प्रवाह होता है और सम्भोग एक यांत्रिक क्रीड़ा न रह कर एक आध्यात्मिक उत्सव बन जाता है, समाधि का रूप बन जाता है।

तेल तड़का छोड़ कर, नित घूमन को जाय।
मधुमेह का नाश हो, जो जन अलसी खाय।।
नित भोजन के संग में, मुट्ठी अलसी खाय।
अपच मिटे, भोजन पचे, कब्जियत मिट जाये।।
घी खाये मांस बढ़े, अलसी खाये खोपड़ी।
दूध पिये शक्ति बढ़े, भुला दे सबकी हेकड़ी।।
धातुवर्धक, बल-कारक, जो प्रिय पूछो मोय।
अलसी समान त्रिलोक में, और न औषध कोय।।
जो नित अलसी खात है, प्रात पियत है पानी।
कबहुं न मिलिहैं वैद्यराज से, कबहुँ न जाई जवानी।।
अलसी तोला तीन जो, दूध मिला कर खाय।
रक्त धातु दोनों बढ़े, नामर्दी मिट जाय।।

7 people found this helpful

I and my girl had an unexpected sex without a condom and now we are scared that she can get prevented it has been like 20 hrs till now. What do you suggest is to do?

MBBS
General Physician, Chennai
I and my girl had an unexpected sex without a condom and now we are scared that she can get prevented it has been lik...
It not the hours that count but which after period you had sex do let me know for more details need date of last periods.
1 person found this helpful
Submit FeedbackFeedback

Cool Off This Summer with Ayurveda

BAMS, PG Dip (Medical Education), (FAGE) Fellow of Academy of General Education, MBA (Healthcare)
Ayurveda, Bangalore
Cool Off This Summer with Ayurveda

Aren't you scared of summer heat, skin eruptions, sweat and thirst? 
Overcome all summer problems with these cool solutions offered by ayurveda. Get acquainted with ayurveda and beat the summer heat before it beats you.

The heat of the summer seeps into our system, saps away our strength and leaves us dehydrated. Ancient indian scriptures advice an ayurvedic regimen for all, which helps to avoid dehydration and to maintain vitality.

What to avoid during summer months:

  • Strenuous exercises
  • Going out in afternoons when the heat is at its peak
  • Pungent, sour and salty foods
  • Foods that produce heat within the body
  • Alcohol

Technology might help you to stay cool inside your home or office but you will eventually have to face the heat outside. According to ayurveda, the ancient science of natural health,
When things are heating up outside, the key to balance is to find ways to cool down inside i.e. physically, mentally and emotionally.


Tips to maintain balance between mind and body during summer:

1. Cooling baths
A cooling bath is the best way to start a'cool' day. This is the first thing that you do in the morning, so make the best of it. Bathe with cold water.

2. Cooling beverages
Fresh fruit juices and nectars, blended and stored at room temperature, are recommended.

3. Cooling diet
A cooling ayurvedic diet in summer includes a lot of fruits and vegetables that are sweet, juicy, bitter and astringent in nature.

4. Cooling exercise
Swimming is a healthy and wonderful exercise for summer - it's not only cooling and soothing for the body but also helps in toning and strengthening body muscles.

5. Cooling lifestyle
Stress and overwork aggravates the symptoms and overheating effects of summer.

6. Protect yourself from the sun 
You should protect yourself from the sun and refrain from outdoor activities during the hottest part of the day.

Pustular Psoriasis: Signs and symptoms

MD - Skin,VD & Lepxsy
Dermatologist, Hyderabad
Pustular  Psoriasis: Signs and symptoms
What you see and feel depends on the type of psoriasis you have. You may have just a few of the signs and symptoms listed below, or you may have many.


-skin red, swollen, and dotted with pus-filled bumps.
-bumps usually appear only on the palms and soles.
-soreness and pain where the bumps appear.
-pus-filled bumps will dry, and leave behind brown dots and/or scale on the skin.

When pus-filled bumps cover the body, the person also may have:

-right-red skin.
-been feeling sick and exhausted.
-fever.
-chills.
-severe itching.
-rapid pulse.
-loss of appetite.
-muscle weakness.
5 people found this helpful

What are the precautions during first month of pregnancy? How can we know that she is pregnant?

BASM, MD, MS (Counseling & Psychotherapy), MSc - Psychology, Certificate in Clinical psychology of children and Young People, Certificate in Psychological First Aid, Certificate in Positive Psychology
Psychologist, Palakkad
What are the precautions during first month of pregnancy?
How can we know that she is pregnant?
Dear user. I can understand. If you have irregular period or are not sure when you ovulated, you can do a URINE HOME PREGNANCY TEST 14 days after you last had unprotected sex. However for accuracy of result, it is recommended to do the test 21 days after intercourse. To TEST PREGNANCY AT HOME simply add urine to a small piece of soap, if froth forms, or if the soap bubbles up, the test is positive. Mix ¼ cup of tuna juice and ¼ cup of vinegar in a plastic cup. Now pee in a separate cup and then add your urine to this mixture. After a few minutes, if the color changes to green, then you are pregnant. Take care.
Submit FeedbackFeedback

Women Stress Management with Little Effort - Stay healthy , Stay Beautiful

BHMS, CGO
Homeopath, Pune
Women Stress Management with Little Effort - Stay healthy , Stay Beautiful

Women Stress Management with Little Effort - Stay healthy , Stay Beautiful

Today's life is full of stress , mental and physical exertion , so what we do to come out from all these things . Today we start to come out from all these things in a natural way and with homeopathic medicine.

First thing what is Stress - A state of mental or emotional strain or tension resulting from adverse or demanding circumstances it's quite common nowadays.

Now we come on Treatment , first, we talk about the easy treatment like Yoga , Meditation, Exercise ,Changes in diet pattern and lastly important part Homeopathic Medicine.

Yoga - some easy Yoga Assan -
Meditation - Especially Morning meditation is good for health and helps to reduce stress - Mentally and physically
It's very easy to do , it takes only half an hour to one hour and all we have to manage time for her life , its free of cost , easy to do at home as per our convenience , all my friends , just try all these tips at home its really work ill do every day , Most important all these things increase your internal beauty and health , it's essential for every woman .

Exercise - jogging , walking , swimming , cycling , skipping , aerobics etc

Diet pattern - drink plenty of water , eat fiber food , avoid junk food . eat at least 3 times a day, don't skip breakfast in any manner.

After lot of foreplay also I am having lot of pain while sex. My husband could not penetrate due to this. I have tried condom and oil also but situation is same. Please advise.

BASM, MD, MS (Counseling & Psychotherapy), MSc - Psychology, Certificate in Clinical psychology of children and Young People, Certificate in Psychological First Aid, Certificate in Positive Psychology
Psychologist, Palakkad
Dear Lybrate user. I can understand. Vaginal pain while penetration could be due oo lack of lubrication and or lack of elasticity. Isuggest you to use lubrication gels. Please practice kegal pelvic exercises to enhance elasticity. Take care.
Submit FeedbackFeedback

I am planning to conceive a child and I want to ask one question that can we have a sex daily for that purpose. It's not any harm to have a sex daily if I want a child. Please help me how frequently I can have a sex if I want to conceive.

MBBS, DGO, MD, Fellowship in Gynae Oncology
Gynaecologist, Delhi
I am planning to conceive a child and I want to ask one question that can we have a sex daily for that purpose. It's ...
Hello, There is no harm in having sex on daily basis. The frequency of having sex does not increase your conception chances. I would rather suggest having regular sex during your ovulation phase as this is the prime time for conceiving.
Submit FeedbackFeedback

Hi, my mom was diagnosed with breast cancer at the age of 59. In 2012. She had mastectomy for her left breast. Her tumor size was 2*2*1.5. 15 lymph nodes were dissected. They were free of tumor. Her deep resection plane is also free of tumor. Her er n PR were positive n her was neg. She did not receive any radiation n chemo. Instead she was asked to have letrozole for 5 yrs. I want to know her prognosis.

UICC International Fellow in Oncollogy , ESTRO certification in Head and neck oncology, MD - Radiothrapy
Oncologist, Jamnagar
As per your reports she was pt1n0, hormone receptor positive, her 2 negative disease. In this selected class of patients, we avoid radiation and chemotherapy. And give hormonal treatment only. Having excellent prognosis. To justify role of chemotherapy in this group, we now have a test called oncotype dx (was not available in 2012). But overall your mom in a curative stage. We recommend three monthly follow ups for two years and then six monthly for next three years (total five years). Then yearly life long.
3 people found this helpful
Submit FeedbackFeedback

How to remove Bally fat? I don't know why the desire of sex is below normal level.

MD - Obstetrtics & Gynaecology
Gynaecologist, Mumbai
How to remove Bally fat? I don't know why the desire of sex is below normal level.
Primary objective of your treatment is weight reduction and maintain normal bmi of 18-25. You can take metformin to reduce weight. For reducing your weight or belly fat you should have brisk walk or jogging for 4-5 km daily, high protein diet (fish, chicken, mutton without fat, pulses, mushrooms), low carbohydrate diet (avoid rice, chapatti, bread, poha, upma, idli, dosa, potato, sugar etc and can use bhakri instead) and low fat i. E. Less oil and preferably use rice bran oil. If you reduce weight it will definitely increase your desire to have sex.
3 people found this helpful
Submit FeedbackFeedback

My wife had an abortion before 1.4 years (pre- marriage) through pills. We want a baby. We tried and prayed for this. Should I consult a gynaecologist? I checked my semen analysis as I am a lab tech. Give me the suggestion.

BHMS, MD - Homeopathy
Homeopath, Delhi
My wife had an abortion before 1.4 years (pre- marriage) through pills. We want a baby. We tried and prayed for this....
Hi lybrate-user, consult a gynaecologist for complete check up. The pills should not in any way hamper conception. It is a safe way to abort an unwanted pregnancy. All the best.
1 person found this helpful
Submit FeedbackFeedback

Hi doctor. on saturday & sunday my sister had an unprotected sex & from monday onwards she had an excessive watery discharge no odor. Is anything serious, why it happened? is she pregnant?

Bachelor of Ayurveda, Medicine and Surgery (BAMS)
Ayurveda, Zirakpur
Hi doctor. on saturday & sunday my sister had an unprotected sex & from monday onwards she had an excessive watery di...
It's a local vaginal reaction due to lesion, hypersensitivity or infection. What's the medical history? was she getting such discharge before too?
1 person found this helpful
Submit FeedbackFeedback

Fertility Treatment may up Breast Cancer Risk

FRHS, Ph.D Neuro , MPT - Neurology Physiotherapy, D.Sp.Med, DPHM (Health Management ), BPTh/BPT
Physiotherapist, Chennai
Fertility Treatment may up Breast Cancer Risk

Infertility and hormonal treatments may influence the amount of dense tissue in the breast and increase the risk of developing breast cancer study from Karolinska institute in Sweden found that woman with a history of infertility had denser breasts than other women to was more pronounced in women who had undergone controlled ovarian stimulation.(cos), the hormone treatment required for in vitro fertilisation.

My wife is in the 23rd week of pregnancy. At the beginning of 21 weeks, she started to bleed. Doctor examined & deduced about Placenta Previa Posterior Type-II. Kindly let me know, about the risk factors involved & whether she will be able to deliver properly or not!

MD - Obstetrtics & Gynaecology, FCPS, DGO, Diploma of the Faculty of Family Planning (DFFP)
Gynaecologist, Mumbai
My wife is in the 23rd week of pregnancy. At the beginning of 21 weeks, she started to bleed. Doctor examined & deduc...
Risk of bleeding any time. Type of delivery will depend on when she bleeds, how much and what is position of placenta at that time. Position of placenta does not change but depending on other areas around growing, relatively it may look different.
1 person found this helpful
Submit FeedbackFeedback
View All Feed