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Apex City Hospital

Dietitian/Nutritionist Clinic

Hanuman Road , D- Block , West Vinod Nagar , Phase - II, Pocket B, Mayur Vihar New Delhi
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Our goal is to provide a compassionate professional environment to make your experience comfortable. Our staff is friendly, knowledgable and very helpful in addressing your health and fin......more
Our goal is to provide a compassionate professional environment to make your experience comfortable. Our staff is friendly, knowledgable and very helpful in addressing your health and financial concerns.
More about Apex City Hospital
Apex City Hospital is known for housing experienced Dietitian/Nutritionists. Dt. Deepa Sharma, a well-reputed Dietitian/Nutritionist, practices in New Delhi. Visit this medical health centre for Dietitian/Nutritionists recommended by 40 patients.

Timings

MON-SAT
03:00 PM - 05:00 PM

Location

Hanuman Road , D- Block , West Vinod Nagar , Phase - II, Pocket B, Mayur Vihar
Mayur Vihar New Delhi, Delhi - 110091
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Doctor

Dt. Deepa Sharma

M.Sc. - DFSM, B.Sc.(BZC Group)
Dietitian/Nutritionist
15 Years experience
400 at clinic
₹400 online
Available today
03:00 PM - 05:00 PM
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M.Sc. - DFSM, B.Sc.(BZC Group)
Dietitian/Nutritionist, Delhi
स्वास्थ्य की दृष्टि से शारदीय नवरात्र के व्रत बहुत ही खास हैं। वर्षा और शीत ऋतुओं का संधिकाल होने से पित्त प्रकुपित होता है। पाचन तन्त्र कमजोर रहता है। एसीडिटी और भूख में कमी इस समय शरीर में पाचन तन्त्र सम्बन्धी, हृदय और स्नायविक समस्याएँ उत्पन्न करते हैं।

साथ ही ऋतुओं का संधिकाल होने से शरीर का डिटॉक्सीफिकेशन जरूरी होता है।

क्यों और कैसा हो व्रत का आहार-

इन दिनों हमारा पाचन तन्त्र कमजोर होता है। अतःहमारा डायट high fiber-low fat तथाmoderate protein-high carbohydrate युक्त होना चाहिए। इन दिनों त्वचा की खुश्की की समस्या आम है। इसलिएplenty of fluids के साथ कम तले-भुने, मीठे, सुपाच्य, कम मसालों वाले रेशेयुक्त डायट प्लान जरूरी है। सामान्य दूध की जगह स्किम्ड दूध का प्रयोग करना चाहिए।

जो नौ दिनों का व्रत रखते हैं, उन्हें भी सारे काम करने के लिए आवश्यक कैलोरी की मात्रा (1800-2200 कैलोरी) चाहिए। सामान्यतः इन दिनों केवल नीबू-पानी लेना, बिल्कुल आहार न लेना, केवल दूध लेना आदि से बचना चाहिए। इस तरह व्रत करने से पेट की कमजोरी, थकान, रक्तचाप, चिड़चिड़ाहट की समस्या हो सकती है। पूरा दिन कुछ भी नहीं खाने से या सिर्फ दूध लेने से गैस्ट्राइटिस, एसिडिटी और सीने में जलन की शिकायत में वृद्धि हो सकती है। इसलिए लंच और डिनर में संतुलित आहार, कुटू या सिंघारे के आटे की चपाती, साबूदाने की खीर या खिचड़ी तथा घिया, सीताफल, आलू की रसेदार सब्जी लें। दिनभर में तीन बार साबूत फल या फ्रूट सलाद लेना चाहिए। साथ ही 4-6 बार सूखे मेवों के साथ जूस, दूध, शेक और नारियल पानी को अपने डायट में अवश्य शामिल करें। शरीर को हाइड्रेट रखने के लिए दिनभर में पानी की भरपूर मात्रा लेते रहना चाहिए।

फलों का कैसे करें चुनाव- व्रत में अधिकांश लोग फलाहार करते हैं। खट्टे फल जैसे संतरा, नीबू, मौसम्मी आदि का प्रयोग न करें। अथवा इन्हें संतुलित मात्रा में केवल दोपहर में लें। एक ही प्रकार के फल की जगह मिक्स फ्रूट लेना बेहतर होता है। साबूत फल और फ्रूट सलाद दोनों में ही ताजे-धुले फल लें। देर के कटे, खुले में रखे या कड़वे स्वाद वाले फल बिल्कुल न लें।

Liquid Diet पर उपवास-

कुछ लोग केवल लिक्विड डायट पर ही व्रत करते हैं। लिक्विड डायट से नव दिन का उपवास किया जा सकता है। पर हमें अपनी उर्जा खपत 1800-2200 को मेन्टेन रखना चाहिए। इसके लिए नियमित अन्तराल पर फलों के शेक, नारियल पानी, हर्बल टी और लाल-पीले-हरे हर रंग के फलों के जूस (बदल-बदल कर) लिए जा सकते हैं।

दही, छाछ, और खट्टी लस्सी बिल्कुल नहीं लेना चाहिए।

तले आहार जहर समान-

सामान्यतः देखा गया है कि लोग व्रत में कुट्टू के आटे की तली पूरियाँ, तले हुए आलू-केले के चिप्स, साबूदाने के पापड़ खूब खाते हैं। चूँकि इस समय पाचन कमजोर होता है, तली भूनी चीजें अपेक्षाकृत कम श्रम के कारण वजन में अस्वाभाविक वृद्धि के साथ ही पाचन सम्बन्धी अनेक परेशानियों का कारण बन जाती हैं। इसलिए व्रत में संतुलित आहार के साथ संयमित आहार लेना चाहिए।

व्रत में कैसी हो आपकी आहार तालिका-

 

सुबह (6.30-7.00)- हर्बल या ग्रीन टी या बिना दूध के नॉर्मल टी

नास्ता (8.00-8.30)- बनाना शेक/एपल शेक विथ ड्राई फ्रुट्स तथा दो आलू या साबूदाने की टिक्की

मिड मॉर्निंग (10.30-11.00)- फ्रूट जूस/नारियल पानी/

लन्च (1.30-200pm)-

·         कुट्टू के आटे की चपाती या सांवा चावल

·         सब्जी- घीया, सीताफल, आलू

·         फ्रूट सलाद

·         मीठी छाछ

इवनिंग (5.00-5,30pm)- रोस्टेड पोटैटो, बनाना चिप्स/ भूने मेवे विथ टी

डिनर (8.00-8.30)-

·         साबूदाने की खिचड़ी या लन्च की तरह पूरा आहार

·         फ्रूट सलाद

पोस्ट डिनर (9.30-10.00pm)- शहद युक्त घर में तैयार गुनगुना फ्लेवर्ड मिल्क (केसर, इलायची, बादाम)

कुट्टू क्यों है जरूरी-

कुटू के प्रति 100 ग्राम में अन्य अनाजों की तुलना में थायमिन, नायसिन, रायबोफ्लेविन की मात्रा सर्वाधिक होती है। साथ ही लो-फैट कुट्टू के 100 ग्राम प्रोटीन, डायटरी फायबर, मिनरल्स, 323 किलोकैलोरी उर्जा 100 ग्राम कुटु देता है। पर कैल्सियम तथा आयरन की संतुलित मात्रा जितनी कुट्टु में है, उतना अन्य कॉमन फलाहार योग्य पदार्थों में नहीं है। यह बेहतर फलाहार के साथ ही अच्छा न्यूट्रीशनल सप्लीमेंट भी है। 8.6 प्रतिशत डायटरी फायबर से युक्त कुट्टू शरीर को टॉक्सीफाई तो करता ही है, लो डेन्सिटी लिपोप्रोटीन का बेहतर स्रोत होने से गुड कोलेस्ट्रॉल के स्तर में भी सुधार लाता है।

डायबिटिक व्रती कैसे रखें अपना खयाल-

डायबिटिक को अपने डायट का विशेष खयाल रखना चाहिए। उन्हें हाई फायबर, हाई प्रोटीन युक्त परन्तु लो-फैट और कम कार्बोहाइड्रेट वाला आहार लेना चाहिए।  स्किम्ड दूध से बने भोज्य पदार्थ बिना चीनी के लें। लंच और डिनर में कुट्टू के आटे की चपाती अवश्य शामिल करें।आलू की टिक्की की जगह साबूदाने की टिक्की ले सकते हैं।

यदि गर्भवती महिला व्रत करना चाहे- गर्भवती महिलाओं को आयरन, कैल्सियम, प्रोटीन युक्त आहार चाहिए। कुट्टू इसका बेहतर स्रोत है। इन्हें भूखा बिल्कुल नहीं रहना चाहिए। नार्मल डायट (कुटुटू का आटा, सावाँ चावल, सिंघाड़े का आटा, आलू, केला, घिया) के साथ नियमित अन्तराल पर मेवों के साथ हेल्दी लिक्विड डायट लेते रहना चाहिए।

यदि बीच में ही पड़ जाएँ बीमार- बदलता मौसम होने से इस समय वायरल रोगों की आशंका रहती है। व्रत रखने के बीच ही सर्दी-खाँसी-बुखार की स्थिति आ पड़े और आप व्रत छोड़ना बिल्कुल नहीं चाहते हैं तो डॉक्टर की सलाह लेते रहें। आहार में ठण्ढी या तली-भुनी चीजें बिल्कुल न लें। गुनगुना तरल पेय नियमित अंतराल पर लेते रहें। अपने आहार में से केला, अमरूद, संतरा, मौसम्मी, दही, छाछ, लस्सी निकाल बाहर करें। दवाओं के लिए आवश्यक आहार-अनुशासन का पालन अवश्य करें।

तो आइए, संतुलित और संयमित आहार तालिका से इस नवरात्र को बनाएँ खास, शारदीय नवरात्र और दशहरे की सबको हार्दिक बधाइयाँ.....

 

डॉ.दीपा शर्मा

(डायटीशियन एवम् न्युट्रीशनिस्ट)

 

 

 

 

 

 

M.Sc. - DFSM, B.Sc.(BZC Group)
Dietitian/Nutritionist, Delhi

Take chhach, fruit salad, and planty of fluids like sabudana kheer, flavor milk, soup, fruit juice, coconut water in palce of fried food on navaratri'fast.
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